* भाजपा वक्फ (संशोधन) अधिनियम पर मुस्लिम समुदाय को जागरूक करने के लिए चलाएगी 15 दिवसीय अभियान
नई दिल्लीः भाजपा (BJP) ने वक्फ (संशोधन) अधिनियम, 2023 को लेकर मुस्लिम समाज के बीच फैले भ्रम को दूर करने और इसके लाभों को प्रचारित करने के लिए 20 अप्रैल से 5 मई तक विशेष जन जागरूकता अभियान चलाने की घोषणा की है। इस अभियान की शुरुआत भाजपा अध्यक्ष जेपी नड्डा (JP Nadda) और केंद्रीय अल्पसंख्यक कार्य मंत्री किरेन रिजिजू (Kiren Rijiju) की अगुवाई में की जाएगी।
वक्फ (संशोधन) अधिनियम के प्रमुख बिंदु
जेपी नड्डा ने कहा कि यह अधिनियम 8 अप्रैल से प्रभाव में आया है और इसका उद्देश्य वक्फ संपत्तियों का पारदर्शी और प्रभावी प्रबंधन सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि इस कानून से वक्फ संपत्तियों को एक सीमित प्रभावशाली वर्ग के नियंत्रण से मुक्त कर मुस्लिम समाज, विशेषकर पसमांदा मुस्लिमों और महिलाओं के कल्याण के लिए उपयोग में लाया जाएगा।
विपक्ष के आरोपों को बताया ‘मतदाता ध्रुवीकरण की राजनीति‘
जेपी नड्डा ने विपक्ष पर आरोप लगाया कि वे मुस्लिम समाज को गुमराह कर रहे हैं और इस अधिनियम को धर्म में हस्तक्षेप बताकर वोट बैंक की राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने स्पष्ट किया कि वक्फ परिषद और बोर्ड में गैर-मुस्लिम सदस्यों की मौजूदगी केवल प्रबंधन से संबंधित है, न कि धार्मिक मामलों से।
भाजपा का अल्पसंख्यक मोर्चा रहेगा अभियान में अग्रणी
भाजपा के संगठन और अल्पसंख्यक मोर्चा से जुड़े पदाधिकारी, जिनमें राधा मोहन दास अग्रवाल और जमाल सिद्दीकी प्रमुख हैं, इस अभियान की अगुवाई करेंगे। पार्टी ने उर्दू सहित विभिन्न भाषाओं में FAQ शीट्स तैयार की हैं ताकि कानून के खिलाफ फैलाई जा रही गलतफहमियों का खंडन किया जा सके।
वक्फ अधिनियम के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में चुनौती
इस अधिनियम की वैधता को लेकर कई मुस्लिम संगठन और विपक्षी दलों के नेता सुप्रीम कोर्ट पहुंच चुके हैं। अदालत इस मामले की सुनवाई 16 अप्रैल को करेगी।
वक्फ संपत्तियों का उपयोग होगा मुस्लिम समाज के कल्याण के लिए
भाजपा नेताओं का कहना है कि संशोधित अधिनियम वक्फ संपत्तियों के उपयोग को गरीब मुसलमानों और महिलाओं के हित में सुनिश्चित करेगा। इससे भ्रष्टाचार पर रोक लगेगी और समाज के वंचित वर्ग को इन संसाधनों से प्रत्यक्ष लाभ मिलेगा।

