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International Conference : मतदाता पंजीकरण और मतदाता सूची पर दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन कल से

by Nikhil Kumar
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देश-विदेश से मिले 230 एब्सट्रैक्ट में 80 चयनित, 57 शोध-पत्रों पर होगा मंथन
रांची। मतदाता पंजीकरण और मतदाता सूची प्रबंधन से जुड़े वैश्विक अनुभवों, चुनौतियों और बेहतर कार्यप्रणालियों पर दो दिवसीय अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन ‘वोटर रजिस्ट्रेशन एंड वोटर रजिस्टर्स 2026’ का आयोजन दो और तीन सितंबर को रांची में किया जाएगा। सम्मेलन का आयोजन नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ स्टडी एंड रिसर्च इन लॉ (नुसरल) में होगा।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने निर्वाचन सदन, धुर्वा में आयोजित प्रेसवार्ता में बताया कि सम्मेलन का उद्घाटन दो सितंबर को पूर्वाह्न 10 बजे होगा। इसका आयोजन मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय, झारखंड द्वारा सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ झारखंड के सहयोग से किया जा रहा है। आईआईएम रांची, नुसरल और सेंट जेवियर्स कॉलेज रांची सम्मेलन के नॉलेज पार्टनर हैं।
उन्होंने बताया कि सम्मेलन के लिए देश-विदेश के संस्थानों, शोधार्थियों और निर्वाचन विषय के विशेषज्ञों से शोध-पत्रों के एब्सट्रैक्ट आमंत्रित किए गए थे। कुल 230 एब्सट्रैक्ट प्राप्त हुए, जिनमें मूल्यांकन के बाद 80 का चयन किया गया। विभिन्न राज्यों के विशेषज्ञों से प्राप्त शोध-पत्रों को मिलाकर कुल 57 शोध-पत्र अंतिम रूप से चुने गए हैं। इन्हें विभिन्न तकनीकी सत्रों में प्रस्तुत किया जाएगा।
के. रवि कुमार ने कहा कि शुद्ध, समावेशी, अद्यतन और विश्वसनीय मतदाता सूची लोकतांत्रिक निर्वाचन व्यवस्था की बुनियाद है। सम्मेलन में मतदाता पंजीकरण, निर्वाचक नामावली प्रबंधन, डिजिटलीकरण, मतदाताओं की समावेशिता और लोकतांत्रिक भागीदारी जैसे विषयों पर चर्चा होगी।
सम्मेलन में भारत निर्वाचन आयोग के प्रधान सचिव अरविंद आनंद सहित निर्वाचन और अकादमिक क्षेत्र के विशेषज्ञ शामिल होंगे। उद्घाटन सत्र में ‘वोटर रजिस्ट्रेशन एंड वोटर रजिस्टर्स’ विषयक पुस्तक और सम्मेलन स्मारिका का भी लोकार्पण किया जाएगा।
मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि सम्मेलन निर्वाचन प्रबंधन के व्यावहारिक अनुभवों और अकादमिक शोध को एक मंच पर लाने का प्रयास है। देश-विदेश के अनुभवों से मतदाता सूची प्रबंधन की वर्तमान और भविष्य की चुनौतियों को समझने तथा अधिक प्रभावी और विश्वसनीय व्यवस्था विकसित करने में मदद मिलेगी।

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