
RANCHI: राजधानी रांची में राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (NHM) के विशेष ऑडिट में बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताएं सामने आई हैं। ऑडिट रिपोर्ट के अनुसार 26.5 करोड़ रुपये से अधिक की दवा और अन्य सामग्रियों की खरीद टेंडर प्रक्रिया को दरकिनार कर सिर्फ कोटेशन के आधार पर की गई। यह गड़बड़ी जिला स्तर के साथ-साथ कई प्रखंडों में भी पाई गई है। रिपोर्ट में कहा गया है कि इतनी बड़ी राशि की खरीद के लिए टेंडर अनिवार्य था, लेकिन नियमों की अनदेखी करते हुए प्रक्रिया पूरी की गई। साथ ही, खरीद से पहले नोटिस बोर्ड पर सूचना तक प्रदर्शित नहीं की गई, जो स्पष्ट रूप से नियमों का उल्लंघन है।
ऑडिट टीम ने जिला स्वास्थ्य समिति की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। जांच के दौरान कई कंपनियों को किए गए भुगतान के दस्तावेज भी उपलब्ध नहीं कराए गए। वहीं 14 प्रखंडों में 1025 ग्राम स्वास्थ्य समितियों और 241 उपकेंद्रों को वितरित 1.99 करोड़ रुपये के खर्च का कोई प्रमाण नहीं मिला। जननी सुरक्षा योजना में भी गड़बड़ी सामने आई है। रिकॉर्ड के अनुसार 5719 महिलाओं को लाभ दिया गया, लेकिन कई मामलों में लाभार्थियों का सत्यापन नहीं हो पाया। इस मामले में NHM के वित्त निदेशक ने सिविल सर्जन को शोकॉज नोटिस जारी कर एक सप्ताह में जवाब मांगा है।

