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Jamshedpur: मानगो पेयजल परियोजना के आरंभिक ड्राइंग डिजाइन में परिवर्तन पर बनी सहमति

निगम के उप नगर आयुक्त कृष्ण कुमार को फोन पर ही सरयू राय ने निर्देशित किया कि निगम में पंजीकृत पेयजल उपभोक्ताओं की सूची दें और बताएं कि कितना राजस्व संग्रह हो रहा है और बाकी पानी कहां जा रहा है।

by Anurag Ranjan
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जमशेदपुर : मानगो पेयजल परियोजना से पेयजल के पक्षपातपूर्ण वितरण पर रोक लगाई जाएगी और सभी क्षेत्रों में समान रुप से पेयजल का न्यायपूर्ण वितरण सुनिश्चित किया जाएगा। इसके लिए मानगो पेयजल परियोजना के परिचालन में लंबे समय से चली आ रही त्रुटियों को दूर किया जाएगा। यह सहमति बुधवार को पेयजल स्वच्छता विभाग के कार्यालय में विधायक सरयू राय के साथ हुई बैठक में बनी।

इस बैठक में मानगो नगर निगम के उप नगर आयुक्त भी फोन के माध्यम से शामिल हुए। इस बैठक में जोन संख्या 4 और 6 में एक पाइपलाइन से राइजिंग पाइपलाइन जोड़ने की बात उठी। इस बात को भी रेखांकित किया गया कि अगर मानगो वाटर ट्रीटमेंट प्लांट से सही तरीके से सभी क्षेत्रों में पानी भेजा जाए तो किसी भी क्षेत्र में लोगों को पानी की कभी कठिनाई नहीं होगी। बैठक में नया मोटर पंप खरीदने के बारे में भी बात हुई। कार्यपालक अभियंता ने बताया कि मोटर खरीदने के लिए निविदा निकाल दी गई है।

निगम के उप नगर आयुक्त कृष्ण कुमार को फोन पर ही सरयू राय ने निर्देशित किया कि निगम में पंजीकृत पेयजल उपभोक्ताओं की सूची दें और बताएं कि कितना राजस्व संग्रह हो रहा है और बाकी पानी कहां जा रहा है। उन्होंने कृष्ण कुमार से पेयजल के एक-एक बूंद का हिसाब रखने को कहा।बैठक में इस बात को लेकर भी चर्चा हुई कि मानगो पेयजल परियोजना का सही तरीके से संचालन नहीं होने के कारण लंबे समय से कई प्रकार की खामियां चली आ रही हैं, जिनका दुष्प्रभाव विभिन्न क्षेत्रों में पानी की आपूर्ति नहीं होने के रुप में दिखाई पड़ रहा है। इसे दूर करने का निर्णय लिया गया। इसके लिए मानगो पेयजल परियोजना के आरंभिक ड्राइंग डिजाइन में परिवर्तन की सहमति बनी।

पेयजल की गुणवत्ता मिली संतोषजनक

बैठक के बाद पेयजल स्वच्छता विभाग के जमशेदपुर प्रमंडल द्वारा आदित्यपुर में स्थापित पेयजल गुणवत्ता परीक्षण प्रयोगशाला का भी निरीक्षण किया गया। नदी से पानी खींचने के बाद वाटर ट्रीटमेंट प्लांट में इसे साफ करने के उपरांत पेयजल की संभावित अशुद्धियों के बारे में प्रयोगशाला जांच के आंकड़ों का भी निरीक्षण किया गया। यह पाया गया कि आपूर्ति किए जा रहे पेयजल की गुणवत्ता संतोषजनक है। बैठक में हुई विस्तृत चर्चा के दौरान यह बात सामने आई कि मानगो के सभी क्षेत्रों में वाटर ट्रीटमेंट प्लांट से समान रुप से पेयजल की आपूर्ति नहीं की जा रही है। इसके कारण कई ऐसे इलाके हैं, जहां पाइप लाइन बिछी तो है, लेकिन पेयजल नहीं जा रहा है। कई इलाकों में 10 से 15 मिनट के लिए ही पानी आता है।

कहीं ज्यादा देर तक दिया जा रहा पानी, कहीं बिल्कुल नहीं

बैठक में कार्यपालक अभियंता ने मानगो क्षेत्र में कार्यरत कनीय अभियंताओं को निर्देश दिया कि जिन क्षेत्रों में पानी नहीं पहुंच रहा है, उनकी विस्तृत रिपोर्ट तैयार करें। उदाहरण के तौर पर जोन संख्या 6 में काफी अधिक और काफी वक्त तक पानी जा रहा है, जबकि जोन संख्या 1 और 3 में पानी की टंकियां 20 से 25 मिनट में ही खाली हो जा रही हैं। जोन 4 में समता नगर के आधे भाग में पानी देने की बात विभाग द्वारा कही जा रही है, जबकि सच्चाई यह है कि एक बूंद भी पानी नहीं आ रहा है।

इस बैठक में कार्यपालक अभियंता सुमित कुमार, पवन सिंह, संतोष भगत और पिंटू सिंह भी मौजूद थे।

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