
चाईबासा : सावन के तीसरे सोमवार और नागपंचमी के विशेष योग पर झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिला अंतर्गत प्रसिद्ध धार्मिक स्थल बाबा महादेवशाल धाम में आस्था की बयार बह उठी। इस पावन अवसर पर झारखंड सहित पड़ोसी राज्य ओडिशा से आए एक लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने बाबा भोलेनाथ का जलाभिषेक कर सुख-शांति की मन्नतें मांगी। पूरा क्षेत्र “हर-हर महादेव” और “बोल बम” के गगनभेदी जयकारों से भक्तिमय हो उठा।
रविवार रात से ही जुटने लगे थे श्रद्धालु
धाम में दर्शन के लिए रविवार शाम से ही गेरुआ वस्त्रधारी कांवरियों और भक्तों का आगमन शुरू हो गया था। सोमवार की सुबह होते-होते स्टेशन, सड़क और मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं की 1 किलोमीटर से भी अधिक लंबी लाइन लग गई। तड़के 3 बजे विशेष पूजा-अर्चना और भव्य आरती के उपरांत मंदिर के पट खोल दिए गए, जिसके बाद भक्तों ने कतारबद्ध होकर शिवलिंग पर जल अर्पित किया।
दुर्लभ धार्मिक संयोग ने बढ़ाया उत्साह
इस वर्ष का तीसरा सोमवार अत्यंत फलदायी माना जा रहा है। इस दिन नागपंचमी, सिंह संक्रांति और मां मनसा देवी की वार्षिक पूजा का अद्भुत संयोग एक साथ बना। इसके अलावा बांग्ला श्रावण मास का समापन भी इसी दिन होने से श्रद्धालुओं के उत्साह में अभूतपूर्व वृद्धि देखी गई।
प्रशासन और रेल प्रशासन सतर्क
लाखों की संख्या में पहुंची भीड़ को सुगमता से दर्शन कराने और सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए जिला प्रशासन, आरपीएफ , जीआरपी और मंदिर समिति ने व्यापक इंतजाम किए थे।
सुरक्षा व्यवस्था
मंदिर परिसर में मुख्य स्थलों और मार्गों पर भारी संख्या में जिला पुलिस,आरपीएफ, जीआरपी बल तैनात रहा।
नागरिक सुविधाएं
श्रद्धालुओं की सहूलियत के लिए मेडिकल कैंप, लंगर,चाय और पीने के पानी की जगह-जगह व्यवस्था की गई थी।

