
चाईबासा : झारखंड के पश्चिमी सिंहभूम जिला अंतर्गत सारंडा और लोहांचल इलाके में पिछले 15 घंटों से लगातार हो रही तेज बारिश ने जनजीवन अस्त-व्यस्त कर दिया है। सबसे ज्यादा असर बड़ाजामदा में देखने को मिल रहा है, जहां मिडिल स्कूल और फुटबॉल मैदान के आसपास पानी भर जाने से बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं। लगातार बढ़ रहे जलस्तर को लेकर लोग दहशत में हैं।स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर बारिश इसी रफ्तार से होती रही और पानी निकासी का उचित इंतजाम नहीं हुआ तो हर साल की तरह इस बार भी कई घर पानी में डूब सकते हैं। कुछ घरों में पहले ही पानी घुस चुका है। लोग अपना सामान और जरूरी दस्तावेज सुरक्षित जगहों पर शिफ्ट करने में लगे हैं।
निकासी के लिए शुरू हुई सफाई
स्थिति को देखते हुए सामाजिक कार्यकर्ताओं ने पहल करते हुए पोकलेन मशीन की मदद से मिडिल स्कूल के पास पुलिया और नालियों की सफाई शुरू कराई है। मकसद है जमा पानी को जल्द से जल्द निकालना और घरों में पानी घुसने से रोकना।
सारंडा के कई गांव प्रभावित
भारी बारिश का असर सिर्फ बड़ाजामदा तक ही नहीं है। सारंडा के करमपदा, छोटानागरा, गंगदा समेत कई गांवों में भी जलजमाव की स्थिति है। निचले इलाकों में पानी भर जाने से लोगों का आना-जाना मुश्किल हो गया है और गांवों में डर का माहौल है।
प्रशासन से की गई मांग
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि संवेदनशील इलाकों में पानी निकासी की स्थायी व्यवस्था की जाए और राहत-बचाव दल को तुरंत तैनात किया जाए। लोगों का कहना है कि समय रहते कदम नहीं उठाए गए तो स्थिति और बिगड़ सकती है।

