
रांची : झारखंड में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। भारतीय मौसम विभाग के रांची केंद्र के अनुसार सोमवार को राज्य के पूर्वी, दक्षिणी और मध्य हिस्सों में मौसम का असर अधिक देखने को मिलेगा। दिनभर अधिकांश जिलों में बादल छाए रहने की संभावना है। कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश होगी, जबकि कुछ इलाकों में तेज बारिश के दौर भी पड़ सकते हैं। इसके साथ ही गरज-चमक, वज्रपात और 30 से 40 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने की संभावना को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
राज्य के कई जिलों के लिए मौसम विभाग ने विशेष चेतावनी जारी की है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि जिन इलाकों में तेज बारिश और वज्रपात की संभावना जताई गई है, वहां अनावश्यक रूप से खुले स्थानों में जाने से बचना चाहिए। खेतों में काम करने वाले किसानों और खुले क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है।
झारखंड के इन 10 जिलों में बारिश का सबसे अधिक असर
मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार रांची, जमशेदपुर (पूर्वी सिंहभूम), पश्चिमी सिंहभूम, सरायकेला-खरसावां, बोकारो, धनबाद, रामगढ़, खूंटी, सिमडेगा और गुमला में अच्छी बारिश होने की संभावना है। इन जिलों में कई स्थानों पर मध्यम से तेज वर्षा दर्ज की जा सकती है। लगातार बादल छाए रहने के कारण तापमान में भी गिरावट आने की संभावना है, जिससे लोगों को उमस से राहत मिल सकती है।
इसके अलावा लोहरदगा, हजारीबाग और गिरिडीह के कुछ हिस्सों में भी बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। मौसम विभाग का कहना है कि स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार कुछ स्थानों पर वर्षा की तीव्रता अधिक हो सकती है।
आंधी और वज्रपात को लेकर जारी हुई चेतावनी
मौसम विभाग ने स्पष्ट किया है कि बारिश के साथ कई जिलों में गरज-चमक और वज्रपात की स्थिति भी बन सकती है। इसके अलावा 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने का अनुमान है। ऐसे मौसम में पेड़ों के नीचे खड़े होने, खुले मैदान में रहने और बिजली के खंभों के आसपास जाने से बचने की सलाह दी गई है।
विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों में रहने वाले लोगों और खेतों में कार्य कर रहे किसानों को मौसम की बदलती परिस्थितियों पर लगातार नजर रखने की जरूरत है। खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी गई है।
किसानों के लिए महत्वपूर्ण सलाह
पूर्वी, दक्षिणी और मध्य झारखंड के जिन जिलों में अच्छी बारिश का पूर्वानुमान है, वहां कृषि कार्यों पर भी इसका प्रभाव पड़ सकता है। मौसम विभाग ने किसानों से अपील की है कि गरज-चमक और वज्रपात के दौरान खेतों में काम करने से बचें। यदि बारिश तेज हो तो कृषि उपकरणों और पशुओं को सुरक्षित स्थान पर रखें। मौसम सामान्य होने के बाद ही खेतों में कार्य शुरू करें।

