
रांची : झारखंड लोकसेवा आयोग और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग की परीक्षाओं में गड़बड़ी के खिलाफ छात्रों का आंदोलन गुरुवार को 20वें दिन भी जारी रहा। 16 अगस्त के संभावित घेराव को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने मुख्यमंत्री आवास की ओर जाने वाले मार्ग कांके रोड पर भारी बैरिकेडिंग कर दी है। इलाके को सुरक्षा छावनी में बदल दिया गया है, जहां जैप-1, जैप-6 और जिला पुलिस बल के सैकड़ों जवानों को तैनात किया गया है।
रांची के जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में आंदोलनकारी छात्र डटे हुए हैं। 6 भूख हड़ताल पर हैं। आंदोलन के तेज होते रुख को देखते हुए पुलिस- प्रशासन अलर्ट मोड है। आंदोलनकारी छात्रों ने ऐलान किया है कि यदि उनकी मांगों पर सुनवाई नहीं हुई, तो वे 16 अगस्त को मुख्यमंत्री आवास की ओर कूच करेंगे। अभ्यर्थियों की स्पष्ट मांग है कि जेएसएससी-सीजीएल परीक्षा को तुरंत रद्द किया जाए और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच सीबीआई से कराई जाए। छात्रों का कहना है कि वे सीधे मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से वार्ता करना चाहते हैं।
झारखंड में प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर छात्रों का आंदोलन लगातार तेज हो रहा है। JPSC और JSSC समेत विभिन्न परीक्षाओं में कथित अनियमितता और धांधली के आरोपों को लेकर रांची में छात्र विरोध-प्रदर्शन कर रहे हैं। छात्रों की गतिविधियों और मुख्यमंत्री आवास के संभावित घेराव को देखते हुए राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। मुख्यमंत्री आवास और उसके आसपास के इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है तथा प्रमुख रास्तों पर बैरिकेडिंग की गई है।
प्रशासन की ओर से एहतियाती कदम उठाए जाने के बाद शहर की यातायात व्यवस्था भी प्रभावित हुई है। मुख्यमंत्री आवास की ओर जाने वाले कई मार्गों पर वाहनों की आवाजाही को नियंत्रित किया गया है। कुछ रास्तों पर यातायात को दूसरे मार्गों की ओर मोड़ा गया है। इससे सुबह के समय कार्यालय, स्कूल और कॉलेज जाने वाले लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। आंदोलन कर रहे छात्रों के CM आवास कूच के ऐलान से प्रशासन अलर्ट है। छात्र JSSC-CGLपरीक्षा रद्द करने और परीक्षा में धांधली की CBI जांच की मांग पर अड़े हैं।
छात्र नेता देवेंद्रनाथ महतो की स्थिति पर सस्पेंस
छात्र प्रतिनिधियों ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर आरोप लगाया है कि विधानसभा घेराव के दौरान घायल हुए छात्र नेता देवेंद्रनाथ महतो को सदर अस्पताल में कैदी की तरह रखा गया है। साथियों को उनसे मिलने की अनुमति नहीं दी जा रही और न ही उनका हेल्थ अपडेट जारी किया जा रहा है। छात्रों ने मांग की है कि सरकार जल्द से जल्द उनकी स्थिति स्पष्ट करे।
छात्रों के समर्थन में उतरे पूर्व CM रघुवर दास
धरनास्थल पहुंचे पूर्व मुख्यमंत्री और भाजपा नेता रघुवर दास ने राज्य सरकार और प्रशासनिक अधिकारियों पर कड़ा प्रहार किया है। उन्होंने कहा कि यदि एक सप्ताह के भीतर मामले की सीबीआई जांच के आदेश नहीं दिए गए, तो वे खुद अनशन पर बैठेंगे। उन्होंने अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ और आंदोलन को दबाने की कोशिश न की जाए।
JPSC-JSSC आंदोलन के बीच मुख्यमंत्री आवास की सुरक्षा बढ़ी
जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में बड़ी संख्या में छात्रों के जुटने के बाद पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत कर दिया। छात्रों के मुख्यमंत्री आवास की ओर बढ़ने की आशंका को देखते हुए पुलिस ने आसपास के इलाकों में सुरक्षा घेरा तैयार किया है।
मुख्यमंत्री आवास की ओर जाने वाले प्रमुख रास्तों पर बैरिकेड लगाए गए हैं। सुरक्षा व्यवस्था के लिए 100 से अधिक अतिरिक्त जवानों को तैनात किए जाने की जानकारी है। पुलिसकर्मियों को अलग-अलग स्थानों पर तैनात कर स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
प्रशासन का उद्देश्य प्रदर्शनकारियों को मुख्यमंत्री आवास तक पहुंचने से रोकना और किसी भी अप्रिय स्थिति को टालना है। संवेदनशील स्थानों पर पुलिस की मौजूदगी बढ़ाई गई है।
मोरहाबादी से सूचना भवन मार्ग पर यातायात डायवर्ट
मुख्यमंत्री आवास के संभावित घेराव को देखते हुए रांची में कई मार्गों की यातायात व्यवस्था में बदलाव किया गया है। मोरहाबादी से सूचना भवन की ओर आने-जाने वाले मार्ग को भी दूसरे रास्तों की ओर मोड़ा गया है। यातायात में अचानक बदलाव का असर सुबह के समय देखने को मिला। कार्यालय जाने वाले कर्मचारियों, स्कूल और कॉलेज जाने वाले विद्यार्थियों तथा अन्य लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने के लिए वैकल्पिक मार्गों का इस्तेमाल करना पड़ा। कई स्थानों पर वाहनों की आवाजाही सामान्य से अलग रही। प्रशासन की ओर से सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए आवश्यकतानुसार अन्य मार्गों पर भी यातायात नियंत्रण किया जा सकता है।
जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में जुटे छात्र
छात्र आंदोलन के तहत जयपाल सिंह मुंडा स्टेडियम में बड़ी संख्या में प्रदर्शनकारी एकत्र हुए हैं। JPSC-JSSC समेत विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर छात्रों की ओर से अपनी मांगों को लेकर विरोध जारी है। छात्रों की भीड़ को देखते हुए पुलिस और प्रशासन की टीमें मौके पर मौजूद हैं। मुख्यमंत्री आवास की ओर संभावित कूच को देखते हुए पुलिस ने पहले से ही कई स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत कर दी है। प्रशासन की ओर से प्रदर्शनकारियों की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। पुलिस बल की तैनाती के साथ ही प्रमुख रास्तों पर बैरिकेडिंग की गई है।
10 अगस्त को हुआ था विधानसभा घेराव
इससे पहले 10 अगस्त को भी बड़ी संख्या में छात्रों ने विधानसभा घेराव किया था। उस दौरान प्रदर्शनकारियों को विधानसभा की ओर बढ़ने से रोकने के लिए रास्ते में कई स्थानों पर बैरिकेड लगाए गए थे। बताया गया कि बड़ी संख्या में पहुंचे छात्रों ने कई बैरिकेड पार कर विधानसभा की ओर बढ़ने का प्रयास किया था। इस घटनाक्रम के बाद मौजूदा छात्र आंदोलन को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर विशेष सतर्कता बरती है।
छात्रों के आंदोलन से शहर की यातायात व्यवस्था प्रभावित
JPSC-JSSC समेत प्रतियोगी परीक्षाओं को लेकर जारी आंदोलन का असर सुरक्षा व्यवस्था के साथ-साथ रांची की यातायात व्यवस्था पर भी पड़ा है। मुख्यमंत्री आवास के आसपास बैरिकेडिंग किए जाने और कुछ मार्गों को परिवर्तित किए जाने के कारण वाहन चालकों को वैकल्पिक रास्तों का इस्तेमाल करना पड़ रहा है। सुबह के समय कार्यालय, स्कूल और कॉलेज जाने वाले लोगों की संख्या अधिक होने के कारण यातायात परिवर्तन का असर ज्यादा दिखाई दिया। प्रशासन की ओर से सुरक्षा कारणों से मार्गों में बदलाव किया गया है।
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