
कोडरमा : झारखंड में कोडरमा जिले के सतगावां थाना क्षेत्र अंतर्गत नंदूडीह गांव में शुक्रवार की देर रात वज्रपात का कहर देखने को मिला। यहां एक ही परिवार के तीन सदस्यों की जान चली गई। तेज बारिश के बीच हुए वज्रपात (बिजली गिरने) की चपेट में आने से मां, बेटे और बुआ की तत्काल मौत हो गई। जिस घर में दो दिन पहले शादी की खुशियां फैली हुई थीं, वहां अब चीख-पुकार और सन्नाटा पसरा ह
खिड़की के पास बैठे थे तीनों, लोहे की ग्रिल बनी काल
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार को देर रात क्षेत्र में मूसलाधार बारिश के साथ गर्जन शुरू हुई। आसमानी बिजली से बचने के लिए लोग अपने घरों में दुबके हुए थे। नंदूडीह निवासी प्रदीप यादव की पत्नी सरस्वती देवी (37), उनका दिव्यांग पुत्र अंकित कुमार (15) और बुआ मुंद्रिका देवी (45) कमरे में खिड़की के पास बैठे थे।
इसी दौरान जोरदार कड़क के साथ बिजली घर की लोहे की खिड़की पर गिरी। धातु के संपर्क में आने के कारण विद्युत तरंगें तेजी से अंदर फैलीं और तीनों उसकी चपेट में आ गए। वज्रपात इतना शक्तिशाली था कि पलक झपकते ही तीनों की जीवनलीला समाप्त हो गई। घटना के बाद जब ग्रामीण मौके पर पहुंचे, तो कमरे का मंजर देख सभी के होश उड़ गए।
शादी की खुशियों में लगा ग्रहण
मृतक मुंद्रिका देवी मूल रूप से गांवा थाना क्षेत्र की रहने वाली थीं। वे प्रदीप यादव के भतीजे नीतीश कुमार की 6 मई को हुई शादी में शामिल होने नंदूडीह आई थीं। उन्हें शनिवार को अपने घर लौटना था, लेकिन नियति ने उनके लिए कुछ और ही तय कर रखा था। गृहस्वामी प्रदीप यादव स्वयं एक शादी समारोह में शामिल होने डोमचांच गए थे। घर में हुई इस दुर्घटना की सूचना मिलते ही वे बदहवास स्थिति में लौट आए।
पूरे क्षेत्र में शोक की लहर
स्थानीय समाजसेवी सुबोध कुमार सिन्हा ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए बताया कि मृतक अंकित यादव दिव्यांग था। सूचना मिलते ही सतगावां थाना की पुलिस मौके पर पहुंची और तीनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजने की प्रक्रिया शुरू की। दो दिन पूर्व जिस आंगन में मंगलगीत गाए जा रहे थे और उत्सव का माहौल था, वहां अब परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल हो गया है। इस घटना से पूरे प्रखंड क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।


