मुंबई : ओबेरॉय ग्रुप के कार्यकारी अध्यक्ष पृथ्वी राज सिंह ओबेरॉय का मंगलवार सुबह निधन हो गया। वे पीआरएस ओबेरॉय होटल्स के संरक्षक थे, जिन्हें ‘Biki’ के नाम से भी लोग पहचानते थे। ओबेरॉय समूह के प्रवक्ता ने बताया कि पीआरएस ओबेरॉय इंडिया में होटल व्यवसाय का चेहरा बदलने के लिए जाने जाते थे। वह 94 वर्ष के थे। उनके निधन से होटल इंडस्ट्री में इस वक्त शोक का लहर है। ओबेरॉय को पर्यटन और आतिथ्य के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए पद्म विभूषण सहित कई बड़े पुरस्कारों से नवाजा गया था। उन्होंने साल 2022 में ईआईएच लिमिटेड के कार्यकारी अध्यक्ष और ईआईएच एसोसिएटेड होटल्स लिमिटेड के चेयरमैन का पद छोड़ दिया था
कौन थे पृथ्वी राज सिंह ओबेरॉय ?
पृथ्वी राज सिंह ओबेरॉय का जन्म 3 फरवरी 1929 को दिल्ली में हुआ था। पृथ्वी सिंह की पढ़ाई-लिखाई भारत के अलावा ब्रिटेन और स्विट्जरलैंड में हुई। स्कूली पढ़ाई पूरी करने के बाद पीआरएस पिता के कहने पर होटल में काम करने के लिए यूरोप चले गए। भारत लौटने के बाद उन्होंने मेडेंस होटल में काम किया। इसके बाद वो फैमिली कारोबार से जुड़ गए। वे ओबेरॉय समूह की प्रमुख कंपनी ईआईएच लिमिटेड के कार्यकारी अध्यक्ष थे। वह ईआईएच लिमिटेड के प्रमुख शेयरधारक ओबेरॉय होटल्स प्राइवेट लिमिटेड के अध्यक्ष के पद पर भी थे। वे ‘बिकी’ के नाम से फेमस थे। वे द ओबेरॉय ग्रुप के संस्थापक दिवंगत राय बहादुर एमएस ओबेरॉय के बेटे थे।
7 देशों में ओबेरॉय ग्रुप का कारोबार
ओबेरॉय ग्रुप की वेबसाइट के मुताबिक पीआरएस ओबेरॉय ने कई देशों में लग्जरी होटलों के प्रबंधन के लिए नेतृत्व प्रदान करने के अलावा ओबेरॉय होटल और रिसॉर्ट्स के विकास में अग्रणी भूमिका निभाई है। उनकी वजह से ओबेरॉय ब्रांड अच्छे लग्जरी होटलों का प्रतिनिधित्व करने लगा है। पीआरएस ने दुनिया के कई शहरों में लग्जरी होटल खोला। साल 1934 में ओबेरॉय ग्रुप की स्थापना की गई थी। ये ग्रुप 32 होटल ऑपरेट करता है। ओबेरॉय होटल्स की वेबसाइट के मुताबिक ग्रुप लग्जरी ओबेरॉय और 5 स्टार ट्राइडेंट ब्रांड के तहत 7 देशों में कारोबार करता है। ये ग्रुप होटल कारोबार के अलावा फ्लाइट कैटरिंग, एयरपोर्ट रेस्तरां, ट्रेवल और टूर सर्विस, किराए पर कार देने, प्रोजेक्ट मैनेजमेंट और कॉरपोरेट एयर चार्टर्स में भी काम करता है। साल 1967 में पीआरएस ने दिल्ली में ओबेरॉय सेंटर ऑफ लर्निंग एंड डेवलपमेंट की स्थापना की। ओबेरॉय सेंटर ऑफ लर्निंग एंड डेवलपमेंट को एशिया में सर्वेश्रेष्ठ संस्थानों में से एक माना जाता है।
पद्म विभूषण से किया जा चुका है सम्मानित
जनवरी 2008 में, उनकी सेवा के सम्मान में, भारत के दूसरे सबसे बड़े नागरिक सम्मान, पद्म विभूषण से उनको नवाजा गया था। उन्हें दिसंबर 2012 में कान्स में आयोजित ILTM (इंटरनेशनल लक्ज़री ट्रैवल मार्केट) में लाइफटाइम अचीवमेंट पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया था। पीआरएस ओबेरॉय ने 3 मई, 2022 को ईआईएच लिमिटेड के अध्यक्ष और निदेशक के रूप में पद छोड़ दिया था। ओबेरॉय को होटल्स (मैगजीन) यूएसए द्वारा ‘कॉर्पोरेट होटलियर ऑफ द वर्ल्ड’ पुरस्कार से भी सम्मानित किया गया। बर्लिन में छठे इंटरनेशनल होटल्स इन्वेस्टमेंट फोरम ने उन्हें प्रतिष्ठित लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड से भी सम्मानित किया। इसके अलावा उन्हें फोर्ब्स इंडिया लीडरशिप अवार्ड, कॉरपोरेट उत्कृष्टता के लिए इकोनॉमिक टाइम्स अवार्ड, सीएनबीसी टीवी 18 इंडिया बिजनेस लीडर अवार्ड, बिजनेस इंडिया पत्रिका के बिजनेसमैन ऑफ द ईयर, अर्न्स्ट एंड यंग एंटरप्रेन्योर ऑफ द ईयर अवार्ड जैसे पुरस्कार भी मिले।
मोहन सिंह ओबेरॉय ने की थी ग्रुप की शुरुआत
ओबेरॉय ग्रुप ऑफ होटल्स की शुरुआत मोहन सिंह ओबेरॉय ने की थी। उन्होंने परिवार का पेट पालने के लिए शिमला के सेसिल होटल में रिसेप्शनिस्ट का काम किया। इसके पहले उन्होंने जूते की फैक्ट्री में भी काम किया था। उन्होंने साल 1934 में पहला होटल खोला। इसके लिए उन्होंने अपनी पत्नी के जेवर समेत सभी प्रॉपर्टी गिरवी रख दिया था। लेकिन जल्द ही उनकी मेहनत रंग लगाई और उन्होंने होटल की कमाई से सारा कर्ज उतार दिया। पृथ्वी राज सिंह ने 2002 में अपने पिता के निधन के बाद ओबेरॉय ग्रुप की कंपनी EIH लिमिटेड के चेयरमैन का पद संभाला था। वह 2013 तक EIH लिमिटेड के CEO रहे। पृथ्वी राज सिंह ओबेरॉय की शादी साल 1959 में गुड्डी से हुई थी। उनका एक बेटा विक्रम और एक बेटी नताशा है। साल 2011 में पृथ्वी राज सिंह ने अपने बेटे विक्रम को ओबेरॉय ग्रुप का उत्तराधिकारी घोषित किया था। जबकि उनकी बेटी नताशा की शादी हो चुकी है और वो अपनी फैमिली के साथ ऑस्ट्रेलिया में रहती हैं।
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