Ranchi (Jharkhand) : झारखंड की राजधानी रांची के बुढ़मू थाना पुलिस ने 48 घंटे के भीतर एक सनसनीखेज हत्याकांड का खुलासा करते हुए चार अपराधियों को हथियारों के साथ गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में समीर अंसारी, साहिल टुडू, राम मुर्मू और नरेश मरांडी शामिल है। पुलिस ने आरोपियों के पास से मैगजीन युक्त देशी पिस्तौल, एक देशी कट्टा, 7.65 बोर के पांच जिंदा कारतूस, 315 बोर की चार जिंदा कारतूस, पांच मोबाइल फोन और एक मोटरसाइकिल बरामद की है।
मृतक के चाचा ने दर्ज कराया था मामला
ग्रामीण पुलिस अधीक्षक (SP) प्रवीण पुष्कर ने शनिवार को प्रेस वार्ता में बताया कि 30 दिसंबर को मोहम्मद एकराम ने बुढ़मू थाना में लिखित आवेदन देकर सूचना दी थी कि उनके भतीजे पीयूष उर्फ इबरार अंसारी की अज्ञात अपराधियों ने गोली मारकर हत्या कर दी। हत्या के बाद शव को सरईदाह करमबोहा नदी पर बने रेलवे पुल के पास रेलवे ट्रैक के नजदीक फेंक दिया गया था। आवेदन के आधार पर बुढ़मू थाना में मामला दर्ज किया गया।
आरोपियों ने अपराध स्वीकार किया
मामले को गंभीरता से लेते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) के निर्देश पर, पुलिस उपाधीक्षक (DSP), खलारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम तकनीकी साक्ष्यों और अन्य स्रोतों से प्राप्त सूचनाओं के आधार पर गहन अनुसंधान कर रही थी। इसी क्रम में दो जनवरी को सूचना मिली कि कांड में शामिल अपराधी छापर बरवाटोली गांव में मौजूद हैं। सूचना के आधार पर छापेमारी कर समीर अंसारी और साहिल टुडू को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में दोनों ने अपराध स्वीकार कर लिया।
रुपए का लेनदेन बना हत्या की वजह
समीर अंसारी ने अपने बयान में बताया कि करीब छह माह पहले उसने मृतक पीयूष उर्फ इबरार अंसारी से ढाई लाख रुपये उधार लिए थे। रुपये वापस मांगते हुए मृतक लगातार दबाव बना रहा था और धमकी भी दे रहा था। इसी कारण उसने अपने साथी साहिल टुडू व राम मुर्मू के साथ मिलकर पीयूष की गोली मारकर हत्या कर दी और शव को रेलवे ट्रैक के पास फेंक दिया।
घर में छुपा रखा था हथियार
आरोपियों ने यह भी बताया कि वारदात में प्रयुक्त हथियार और गोलियां नरेश मरांडी ने हजारीबाग स्थित अपने घर में छिपाकर रखी थीं। इसके बाद पुलिस ने राम मुर्मू और नरेश मरांडी को भी गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पुलिस आगे की कार्रवाई में जुटी हुई है।

